रायबरेली पुलिस ने आठ आरोपियों को दबोचा भारी मात्रा में मोबाइल फोन बैक दस्तावेज और फर्जी कागजात हुए बरामद

रायबरेली में साइबर ठगी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में रायबरेली पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। कोतवाली नगर और साइबर क्राइम पुलिस की संयुक्त टीम ने फर्जी फर्म एवं बैंक खाते खुलवाकर साइबर ठगी की रकम का लेन-देन करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक पकड़े गए आरोपी फर्जी तरीके से बैंक खाते खुलवाकर उनमें साइबर ठगी से हासिल रकम मंगाते थे और बाद में एटीएम समेत अन्य माध्यमों से रकम निकालकर आपस में बांट लेते थे। पुलिस के अनुसार जिले के विभिन्न बैंकों में फर्जी फर्म और दस्तावेजों के आधार पर बैंक खाते खुलवाकर भोले-भाले लोगों के साथ साइबर फ्रॉड करने तथा ठगी की रकम को इन खातों में मंगाकर निकालने वाले लोगों के खिलाफ लगातार निगरानी और चेकिंग की जा रही थी। इसी क्रम में 14 अगस्त 2026 को पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए गिरोह से जुड़े आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मामले मे मुकदमा दर्ज किया है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर बताया कि वे एक संगठित साइबर फ्रॉड गिरोह के रूप में काम करते हैं। गिरोह द्वारा लोगों के नाम पर फर्जी फर्म का पंजीकरण कराया जाता था। इसके बाद उसी फर्म के नाम से जीएसटी एवं बैंक खाते खुलवाए जाते थे। इन खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी से प्राप्त धनराशि को ट्रांसफर करने के लिए किया जाता था। ठगी की रकम बैंक खातों में आने के बाद उसे अलग-अलग खातों में स्थानांतरित किया जाता था। इसके बाद एटीएम आदि माध्यमों से रकम निकालकर गिरोह के सदस्य आपस में बांट लेते थे। पुलिस के मुताबिक फर्जी फर्म और बैंक खाते खुलवाने के लिए आधार कार्ड समेत अन्य दस्तावेजों का इस्तेमाल किया जाता था। गिरोह के अन्य सदस्य भी उपलब्ध कराए गए बैंक खातों में साइबर ठगी की रकम मंगवाते थे। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में आनन्द मिश्रा पुत्र चन्द्रप्रकाश मिश्रा निवासी कटरा, थाना कोतवाली जनपद बांदा; प्रभाकर श्रीवास्तव पुत्र स्वर्गीय संतोष कुमार श्रीवास्तव निवासी थाना कोतवाली नगर, रायबरेली; आकाश गौड़ पुत्र स्वर्गीय सुरेश गौड़ निवासी कृष्ण विहार, थाना एरोड्रम, इंदौर; जतिन सेन पुत्र संजय सेन निवासी विजय नगर, थाना हीरानगर, इंदौर; बब्लू हिरवे पुत्र देवाराम हिरवे निवासी एलआईजी कॉलोनी, थाना एलआईजी, इंदौर; सईद मोहम्मद आजम पुत्र सिद्दीक अहमद निवासी 227क/34 अलीनगर, रायबरेली; मोहम्मद अकरम पुत्र मोहम्मद इस्माइल निवासी 194/24 सत्यनगर, थाना कोतवाली नगर, रायबरेली तथा सुरेन्द्र सिंह पुत्र रामकिशुन निवासी 310 तपेश्वरी बाग, थाना खजराना, इंदौर शामिल हैं। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से 09 एंड्रॉयड स्मार्ट मोबाइल फोन, 01 एंड्रॉयड निर्वाचन कार्ड, 01 एंड्रॉयड स्थापना पंजीकरण प्रमाणपत्र, 04 एंड्रॉयड चेकबुक, 01 एंड्रॉयड डीएल, 01 एंड्रॉयड आरसी, 02 एंड्रॉयड खाता ओपनिंग फॉर्म, 05 एंड्रॉयड आधार कार्ड, 01 एंड्रॉयड उद्यम रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट, 02 आधार कार्ड की छायाप्रति, 03 सिम कार्ड, 03 पैन कार्ड, 01 मुहर तथा 01 किरायानामा बरामद किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक रायबरेली रवि कुमार के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह के कुशल पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी नगर आशीष निगम के नेतृत्व में कोतवाली नगर पुलिस और साइबर क्राइम पुलिस टीम द्वारा की गई। पुलिस का कहना है कि साइबर अपराध से जुड़े नेटवर्क की पड़ताल जारी है और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी जांची जा रही है। पुलिस की इस कार्रवाई से साइबर ठगी के जरिए लोगों को निशाना बनाने वाले गिरोह में हड़कंप मचा है। अब पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि गिरफ्तार आरोपियों ने फर्जी बैंक खातों के जरिए कितनी रकम का लेन-देन किया और साइबर ठगी के इस नेटवर्क से और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।











